समीक्षा बैठक में निर्देश देते जिलाधिकारी शुभ्रान्त कुमार शुक्ल
करंट विज़न संवाददाता
इटावा। जिलाधिकारी शुभ्रान्त कुमार शुक्ल की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में राजस्व स्टाफ की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। जिलाधिकारी ने राजस्व परिषद/आयुक्त, कानपुर मंडल एवं अन्य न्यायालयों से प्राप्त मांगपत्रों के निस्तारण की समीक्षा करते हुए कहा कि अगस्त 2026 में कुल 125 प्रकरण अवशेष थे, जिनमें अपर आयुक्त, कानपुर मंडल स्तर पर 110 प्रकरण लंबित हैं। उन्होंने सभी उप जिलाधिकारियों, तहसीलदारों को निर्देश दिए कि शनिवार एवं रविवार को विशेष अभियान चलाकर लंबित प्रकरणों का शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित करें। तहसील में कंप्यूटर रूम अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान है, लेकिन वहां की कार्यप्रणाली की नियमित निगरानी नहीं हो पाती। उप जिलाधिकारी एवं तहसीलदार स्वयं प्रतिदिन कंप्यूटर कक्ष का निरीक्षण करें और लंबित कार्यों की स्थिति देखें। उन्होंने कहा कि राजस्व वादों का निस्तारण एवं आईजीआरएस दो प्रमुख प्राथमिकताएं हैं। कार्यों को केवल वकील, मुंशी अथवा कंप्यूटर ऑपरेटर के भरोसे न छोड़ा जाए। अधिकारी स्वयं रुचि लेकर कार्यों की समीक्षा करें। राजस्व अभिलेखों में राजस्व वादों से संबंधित लंबित पत्रावलियों की समीक्षा के दौरान बताया गया कि तहसील इटावा में 9,577 तथा तहसील भरथना में 4,850 प्रकरण अवशेष हैं तथा जनपद में कुल 24,034 प्रकरण लंबित हैं। जिलाधिकारी ने कहा कि अधिकारी न्यायालय में बैठकर राजस्व मामलों की सुनवाई एवं निस्तारण को प्राथमिकता दें। पांच वर्ष से अधिक पुराने लंबित मामलों की समीक्षा मुख्यमंत्री द्वारा भी की जाती है, इसलिए ऐसे प्रकरणों को किसी भी स्थिति में अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए। समीक्षा में तहसील न्यायिक इटावा में 32 तथा तहसील इटावा में 45 पुराने वाद लंबित पाए गए। उन्होंने कहा कि अधिकारी निर्णय लेने की क्षमता का प्रयोग करें तथा अनावश्यक रूप से प्रकरणों को लंबित रखने की प्रवृत्ति समाप्त करें। डीएम ने मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना कल्याण योजना, चरित्र सत्यापन सेवायोजन, उच्च न्यायालय इलाहाबाद में लंबित रिट याचिकाओं, परिवारिक सदस्यता प्रमाण पत्रों, खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग के कार्यों की भी समीक्षा की। बैठक में अपर जिलाधिकारी बिपिन कुमार, अपर जिलाधिकारी न्यायिक संदीप श्रीवास्तव, आईएएस कोमल पुनिया, सिटी मजिस्ट्रेट राजेन्द्र बहादुर, समस्त उप जिलाधिकारी, समस्त तहसीलदार सहित विभाग से संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
