विरोध प्रदर्शन करते कांग्रेस नेता
करंट विज़न संवाददाता
इटावा। उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय के निर्देशानुसार ज़िला अध्यक्ष आशुतोष दीक्षित के नेतृत्व में यूपीआई भुगतान करने पर 0.4 प्रतिशत अतिरिक्त शुल्क लागू होने के विरोध में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्म दिवस पर सदर विधायक सरिता भदौरिया को यूपीआई शुल्क लागत के तहत आने वाले पूजा के सामान को भेंट किया गया। जिसको लेने से उन्होंने साफ़ इनकार कर दिया। जिलाध्यक्ष आशुतोष दीक्षित ने कहा कि यूपीआई भुगतान में जो अतिरिक्त शुल्क लागू किया गया है उससे सिर्फ़ व्यापारियों को ही नहीं आम जनमानस को भी बहुत बड़ा नुकसान होने वाला है। उन्होंने कहा कि सरकार के नए नियमों के तहत 2 हजार से अधिक के चुनिंदा मर्चेंट यूपीआई पेमेंट्स पर 0.4 प्रतिशत मर्चेंट डिस्काउंट रेट यानि शुल्क लगाने की तैयारी की जा रही है।सरकार का यह तानाशाही फ़रमान 15 अक्टूबर को लागू कर दिया जाएगा। प्रदेश प्रवक्ता प्रेरणा ज़ुबैरी ने कहा कि हमारे शीर्ष नेता राहुल गांधी ने इसे यूपीआई टैक्स बताते हुए इसे तुरंत वापस लेने की मांग की है। प्रेरणा ज़ुबैरी कहा कि राहुल गांधी ने इस बात की घोषणा काफ़ी समय पहले कर दी कर थी। उन्होंने कहा कि सरकार का कहना है कि यूपीआई के नए नियम सिर्फ़ व्यापारियों के ऊपर लागू होंगे लेकिन मेरा सरकार से सवाल है कि कैसे निश्चित होगा कि व्यापारी कौन है और आम आदमी कौन है। क्या मानक हैं यह निर्धारित करने के लिए कि भुगतान व्यापारी ने किया है कि जनसाधारण ने। सरकार को अपने इस जन विरोधी फरमान को वापस लेना पड़ेगा कांग्रेस पार्टी व्यापारियों और देश के हर नागरिक के उत्पीड़न के विरुद्ध खड़ी हुई है। प्रदर्शन में पीसीसी मेंबर प्रशांत तिवारी, पीसीसी मेंबर अरुण यादव, ज़िला उपाध्यक्ष सतीश नागर, शहर महासचिव अवनीश वर्मा, सेवादल ज़िला अध्यक्ष कुलदीप शर्मा, एनएसयूआई जिलाध्यक्ष आसिफ जादरान, वरिष्ठ कांग्रेसी नेता प्रेम किशोर द्विवेदी,जिला सचिव धर्मेंद्र पूनिया, हेमंत तिवारी, रणवीर सिंह यादव, मोहनलाल प्रजापति, इंतख़ाब आलम सहित तमाम कांग्रेसी नेता उपस्थित रहे।
