इटावा। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल ने जीएसटी न्यायिक प्राधिकरण में उद्यमियों, व्यापारियों को हर काम का शुल्क चुकाने के बाद ही मिल सकेगा न्याय, इस व्यवस्था का उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल ने आयोजित व्यापार बंधु की बैठक में विरोध किया।
उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के प्रदेश उपाध्यक्ष एवं शहर अध्यक्ष ओम रतन कश्यप ने जीएसटी भवन में आयोजित व्यापार बंधु की बैठक में प्रदेश सरकार को धन्यवाद देते हुए कहां की 2017 में जीएसटी का गठन किया गया था आज 8 वर्षों के बाद इस न्यायिक प्राधिकरण का गठन किया गया। साथ ही न्याय प्रक्रिया में हर काम का शुल्क लिए जाने का कड़ा विरोध जताया। उन्होंने कहा कि जब पूरा विभाग पेपरलेस है तो ऐसे में किसी भी चीज की नकल के लिए 5 रुपये प्रति कॉपी लिए जाना न्याय संगत नहीं है शासन की मंशा है कि व्यापारियों को निशुल्क सासमय न्याय मिले लेकिन इस व्यवस्था से व्यापारियों का उत्पीड़न होगा जिसका उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल कड़ा विरोध करता है। बैठक में प्रमुख रूप से उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के प्रदेश वरिष्ठ उपाध्यक्ष डॉ एके शर्मा, जिला वरिष्ठ महामंत्री हरि गोपाल शुक्ला, जिला विधिक सलाहकार रूपेंद्र सिंह चौहान, जिला उपाध्यक्ष राजीव कुमार पाल, युवा जिला अध्यक्ष अजय गुप्ता, युवा शहर उपाध्यक्ष आशीष दत्त तिवारी, सदस्य गोपाल पांडे सहित तमाम व्यापारी उपस्थित रहे। बैठक में उपस्थित व्यापारी नेता।
जीएसटी अपील न्यायाधिकरण में हर काम का शुल्क चुकाने का किया विरोध व्यापार बंधु की बैठक में व्यापारियों ने उठाया मामला
