कलेक्ट्रेट में राजस्व कार्यों की समीक्षा बैठक सम्पन्न
करंट विज़न संवाददाता
इटावा। जिलाधिकारी शुभ्रांत कुमार शुक्ल की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में राजस्व अधिकारियों एवं कर्मचारियों के साथ समीक्षा बैठक आयोजित की गई। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी लंबित प्रकरणों को चिह्नित कर प्राथमिकता के आधार पर उनका समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा राजस्व परिषद के कार्यों की मंडल स्तर पर समीक्षा की जा रही है। सभी अधिकारी अपने-अपने विभागीय कार्यों में तेजी लाते हुए लंबित प्रकरणों का गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करें। बैठक में अर्जेंट नकल प्रार्थना पत्रों के कुल 1,997 प्रकरण लंबित पाए गए। अधिवक्ताओं एवं मुंशियों को अभिलेखों के निरीक्षण हेतु उपलब्ध कराए जाने से संबंधित 105 प्रकरणों की भी समीक्षा की गई। डीएम ने निर्देश दिए कि इन प्रकरणों का शीघ्र निस्तारण कर संबंधित पक्षों को समय से राहत उपलब्ध कराई जाए। मंडलायुक्त, कानपुर मंडल, कानपुर एवं अन्य न्यायालयों में भेजी जाने वाली पत्रावलियों की समीक्षा के दौरान अपर आयुक्त, कानपुर मंडल के स्तर पर 104 सहित कुल 117 प्रकरण लंबित होने की जानकारी दी गई। राजस्व अभिलेखागार में राजस्व वादों से संबंधित दाखिल पत्रावलियों के कुल 26,582 प्रकरण लंबित पाए गए। इनमें उपजिलाधिकारी सदर स्तर पर 330 तथा तहसीलदार इटावा स्तर पर 9,896 प्रकरण लंबित होने की जानकारी दी गई। बैठक में सरफेसी अधिनियम की धारा 14 के अंतर्गत 27 प्रकरण, मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना कल्याण योजना के 7 प्रकरण तथा तहसीलवार घरौनी रिपोर्ट से संबंधित लंबित मामलों की समीक्षा की गई। अधिकारियों एवं कर्मचारियों को निर्देशित किया कि राजस्व कार्यों में पारदर्शिता, जवाबदेही एवं समयबद्धता सुनिश्चित करते हुए लंबित प्रकरणों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण किया जाए। लापरवाही अथवा अनावश्यक विलंब किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं होगा। बैठक में अपर जिलाधिकारी बिपिन कुमार, अपर जिलाधिकारी न्यायिक संदीप श्रीवास्तव, सिटी मजिस्ट्रेट राजेन्द्र बहादुर, समस्त उप जिलाधिकारी, समस्त तहसीलदार सहित विभाग से संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। बैठक में निर्देश देते जिलाधिकारी शुभ्रांत कुमार शुक्ल।
