संवाददाता
करंट विज़न इमरान खान
इटावा जिले में बुधवार 18 फरवरी को यूपी बोर्ड की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षाओं का आगाज हो गया। इस बार का आयोजन पूरी तरह पारदर्शिता और कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच हो रहा है। जिले भर में बनाए गए 67 परीक्षा केंद्रों पर 42,812 परीक्षार्थी अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाएंगे। प्रशासन ने परीक्षा को नकलविहीन बनाने के लिए तकनीक और मानव बल दोनों की चाक-चौबंद व्यवस्था की है।
‘ई-निगरानी’ में बदी नकल की उम्मीदें
इस बार नकल रोकने के लिए सरकार ने पूरी तरह डिजिटल दांव-पेंच अपनाया है। सभी 67 केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे और वॉयस रिकॉर्डर लगाए गए हैं। जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस) कार्यालय में बने कंट्रोल रूम में बैठे अधिकारी हर केंद्र की गतिविधियों पर न सिर्फ नजर रख रहे हैं, बल्कि हर आवाज भी रिकॉर्ड हो रही है। परीक्षा की निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए लखनऊ और प्रयागराज में भी इसकी लाइव वेबकास्टिंग की जा रही है, जिससे कहीं भी कोई गड़बड़ी छिपाई न जा सके।
संवेदनशील केंद्रों पर पुलिस का कड़ा पहरा
जिले में तीन परीक्षा केंद्रों को अतिसंवेदनशील श्रेणी में रखा गया है। इन केंद्रों पर अतिरिक्त पुलिस बल और पीएसी के जवान तैनात किए गए हैं। वहीं, परीक्षा के दौरान किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए 6 जोनल मजिस्ट्रेट और 9 सेक्टर मजिस्ट्रेट लगातार क्षेत्र में भ्रमण कर रहे हैं। महिला शिक्षकों से युक्त आधा दर्जन से अधिक उड़नदस्ते (फ्लाइंग स्क्वायड) अचानक किसी भी केंद्र पर जाकर निरीक्षण कर सकते हैं।
पहले दिन हिंदी विषय की परीक्षा
परीक्षा कार्यक्रम के अनुसार, पहले दिन पहली पाली (सुबह 8:30 से 11:45 बजे) में हाईस्कूल के छात्र हिंदी विषय की परीक्षा दे रहे हैं। दूसरी पाली (दोपहर 2:00 से शाम 5:15 बजे) में इंटरमीडिएट के विद्यार्थी हिंदी सामान्व और हिंदी साहित्यिक विषय की परीक्षा देंगे।
परीक्षार्थियों के लिए महत्वपूर्ण निर्देश
डीआईओएस अतुल कुमार सिंह ने बताया कि सभी छात्र परीक्षा शुरू होने से एक घंटा पहले केंद्र पर पहुंच जाएं। प्रवेश पत्र की हार्ड कॉपी और आधार कार्ड साथ लाना अनिवार्य है। उन्होंने स्पष्ट किया कि परीक्षा केंद्र परिसर में मोबाइल फोन, स्मार्ट वॉच या किसी भी प्रकार के इलेक्ट्रॉनिक उपकरण ले जाने पर पूर्ण प्रतिबंध है। उन्होंने छात्रों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि वे निडर होकर, बिना किसी तनाव के पूरी लगन से परीक्षा दें।
प्रशासन ने जनता से भी सहयोग की अपील की है कि वे परीक्षा केंद्रों के आसपास शांति बनाए रखें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत नियंत्रण कक्ष को दें।
