करंट विज़न संवाददाता
कानपुर देहात के अकबरपुर तहसील अंतर्गत परसदापुर और बैजूपुरवा गांव में श्रीमद् भागवत कथा का आयोजन धूमधाम से चल रहा था। यह कथा सात दिनों तक चली, जिसमें स्थानीय निवासियों ने बड़ी संख्या में भाग लिया। कथा के सातवें दिन, जो पूर्णाहुति और समापन का दिन था, क्षेत्र के भावी जिला पंचायत सदस्य उम्मीदवार विवेक फौजी विशेष रूप से पहुंचे।विवेक फौजी ने कथा स्थल पर पहुंचते ही व्यास पीठ पर माथा टेका और पूज्य कथावाचक महाराज जी को प्रणाम किया। उन्होंने कार्यक्रम की शोभा बढ़ाते हुए रस्म के अनुसार फीता काटकर कथा के समापन समारोह का शुभारंभ किया। इस दौरान उन्होंने माता जी, भाइयों-बहनों और सभी श्रद्धालुओं से आशीर्वाद लिया। पूरा पंडाल उनके स्वागत में जयकारों से गूंज उठा।विवेक फौजी ने इस मौके पर सभी से कहा कि भागवत कथा सुनकर मन को बड़ी शांति मिलती है। भगवान श्रीकृष्ण की लीला और उनके उपदेश हमें जीवन का सही मार्ग दिखाते हैं। उन्होंने कहा, “धर्म और संस्कृति हमारी जड़ें हैं। इन्हें मजबूत रखना हम सबकी जिम्मेदारी है।”कार्यक्रम के दौरान विवेक फौजी ने आसपास बैठे लोगों से तिगाई जिला पंचायत सदस्य पद के चुनाव को लेकर भी चर्चा की। उन्होंने बताया कि उन्हें राजनीति में आने का कोई इरादा नहीं था। वे मूल रूप से एक सामान्य जीवन जीना चाहते थे “हमें इस राजनीति में पढ़ना नहीं था, हमें डाल दिया गया है। अब हम राजनीति की ओर जा सकते हैं।” उन्होंने आगे कहा कि यदि जनता का आशीर्वाद और भगवान की कृपा रही तो वे तिगाई क्षेत्र के विकास के लिए पूरी निष्ठा से काम करेंगे। सड़क, बिजली, पानी, शिक्षा, स्वास्थ्य और युवाओं के लिए रोजगार जैसे मुद्दों पर ध्यान देंगे। उनका मकसद केवल कुर्सी नहीं, बल्कि जनसेवा है।इस मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने विवेक फौजी की सराहना की और कहा कि वे एक सादगी भरे और मेहनती युवा हैं, जो क्षेत्र की समस्याओं को समझते हैं। कई लोगों ने उन्हें आशीर्वाद दिया और चुनाव में पूर्ण समर्थन का वादा किया।यह घटना क्षेत्र में काफी चर्चा का विषय बन गई है,
